
प्रभात राय बिलासपुर । शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य, समर्पण और लगातार 18 वर्षों की सेवाओं के लिए बिलासपुर के स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी/हिंदी माध्यम विद्यालय, तिफरा के व्याख्याता जय कौशिक को छत्तीसगढ़ के राज्यपाल द्वारा राज्यपाल शिक्षक सम्मान 2026 से सम्मानित किया गया। जय कौशिक को मिले इस प्रतिष्ठित सम्मान से तिफरा स्कूल सहित पूरे बिलासपुर में खुशी और गर्व का माहौल है। सम्मान समारोह के लाइव कार्यक्रम का प्रसारण स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय तिफरा में प्राचार्य डॉ. विश्वनाथ कश्यप के मार्गदर्शन में सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं छात्र-छात्राओं को दिखाया गया। इस दौरान विद्यालय परिवार ने जय कौशिक की उपलब्धि पर उन्हें हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। विद्यालय परिवार ने कहा कि यह सम्मान केवल जय कौशिक की व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं, बल्कि पूरे तिफरा विद्यालय परिवार के लिए गौरव का ऐतिहासिक अवसर है। शिक्षकों और विद्यार्थियों ने उनके सम्मान को विद्यालय की गौरवपूर्ण उपलब्धि बताया।
सम्मान के बाद बिलासपुर पहुंचने पर हुआ भव्य स्वागत
वहीं रायपुर में सम्मान समारोह के बाद बिलासपुर वापसी के दौरान शारदा मंदिर के पास उनके गांव के लोगों और परिवारजनों ने उत्साहपूर्ण वातावरण में जय कौशिक का स्वागत किया। इस दौरान लोगों ने उन्हें सम्मान की बधाई देते हुए उनकी उपलब्धि पर खुशी जाहिर की।
पिता को समर्पित किया शिक्षक सम्मान
अपने सम्मान को लेकर जय कौशिक ने भावुक होते हुए कहा कि उन्होंने यह सम्मान अपने स्वर्गीय पिता को समर्पित किया है। उन्होंने कहा कि यह सम्मान केवल उनका नहीं, बल्कि उनके पूरे विद्यालय परिवार का है।
उन्होंने कहा कि प्राचार्य, शिक्षक-शिक्षिकाओं और विद्यार्थियों के सहयोग से ही उन्हें कुछ अलग करने की सोच और उसे धरातल पर उतारने की प्रेरणा मिलती है। उन्होंने अपने शिक्षक मित्रों और दोस्तों का भी आभार जताते हुए कहा कि उन्होंने उनके सम्मान को अपना सम्मान मानकर सम्मान समारोह की तैयारी की है।
18 वर्षों की सेवा को बताया अनुकरणीय
जय कौशिक के शिक्षक मित्रों ने कहा कि शिक्षक के रूप में लगातार 18 वर्षों तक पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ कार्य करना अपने आप में एक अनुकरणीय प्रयास है। उन्होंने कहा कि जय कौशिक ने शिक्षा के क्षेत्र में अपने कार्यों से विद्यार्थियों के भविष्य को संवारने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
इसके बाद गंगानगर स्थित उनके निवास पर परिवारजनों ने भी जय कौशिक का आत्मीय स्वागत किया। परिवार ने मिठाई खिलाकर उनकी सफलता का जश्न मनाया और उन्हें उज्ज्वल भविष्य के लिए बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।
जय कौशिक की इस उपलब्धि ने शिक्षा जगत के साथ-साथ उनके परिवार, सहकर्मियों, विद्यार्थियों और शुभचिंतकों में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार किया है।








